रायपुर,
जशपुर जिले के ग्राम रौनी (तहसील सन्ना) निवासी 85 वर्षीय हरिहर यादव की जिंदगी में एक बार फिर से उम्मीद और खुशियों की नई किरण आई है। पिछले तीन वर्षों से श्रवण क्षमता खो चुके हरिहर अब फिर से सुन पा रहे हैं और यह संभव हो पाया है, मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय की संवेदनशील पहल से मिले श्रवण यंत्र के माध्यम से।
हरिहर बताते हैं कि उन्हें अपनी नाती-पोतियों की आवाज सबसे ज्यादा याद आती थी। उम्र के इस पड़ाव पर जब सुनाई देना बंद हो गया, तो जीवन और भी अधिक कष्टप्रद हो गया था। उन्होंने अपनी समस्या को लेकर मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय में आवेदन किया। उनकी विनम्र अपील पर तत्काल संज्ञान लिया गया और मानवीय संवेदनशीलता का परिचय देते हुए उन्हें श्रवण यंत्र उपलब्ध कराया गया।
श्रवण यंत्र पाकर हरिहर की आँखों में खुशी के आँसू थे। उन्होंने मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय और कैंप कार्यालय के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा, मेरे जीवन में फिर से उजाला लौट आया है। अब मैं अपने नाती-पोतों की हँसी और बातों को सुन सकता हूँ, यह मेरे लिए किसी वरदान से कम नहीं है। हरिहर ने यह भी कहा कि गरीबों और जरूरतमंदों की सहायता के लिए मुख्यमंत्री द्वारा बगिया में स्थापित कैंप कार्यालय एक मिसाल बन चुका है, जहाँ समय पर उचित मदद उपलब्ध हो रही है।
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